LPG gas cylinder subsidy::भारत सरकार के एलपीजी सब्सिडी योजना का उद्देश्य गरीब और मध्यवर्गीय परिवारों को राहत देना है ताकि रसोई गैस की कीमतों का बोझ कम किया जा सके। लैटिन हाल ही में सरकार ने सब्सिडी पात्रता के नियमों में कुछ पड़े बदलाव किए हैं। अब हर उपभोक्ता तो सब्सिडी नहीं मिलेगी जिन लोगों की वार्षिक आज 10 लख रुपए से अधिक है या जितने परिवार में तीसरी सदस्य का इनकम टैक्स रिटर्न गल होता है उन्हें एलपीजी पर सब्सिडी तालाब नहीं दिया जाएगा इसके अलावा जिन उपभोक्ताओं के पास ऐप से अधिक दास कनेक्शन है वह भी इस लाभ से वंचित रहने सरकार तो कहना है कि इसका उद्देश्य केवल जरूरतमंद परिवारों तक ही सब्सिडी पहुंचना है ताकि योजना का दुरुपयोग ना हो और ईंधन सब्सिडी का सही लाभ समाज से कमजोर वर्ग को मिले।
एलपीजी सब्सिडी पाने के लिए जरूरी शर्तें
अगर आप एलपीजी सब्सिडी प्राप्त करना चाहते हैं तो सरकार की कुछ अनिवार्य शर्तों को पूरा करना जरूरी है सबसे पहले आपका बहन था था आधार कार्ड से लिंक होना चाहिए 33 सब्सिडी की राशि सीधे आपके बैंक खाते में भेजी जाती है। इसके अलावा आपका गैस कनेक्शन भी आधार कार्ड से जुड़ी होना अनिवार्य है। यदि उपभोक्ता के नाम पर एक से अधिक एलपीजी कनेक्शन पाए जाते हैं तो सब्सिडी रोक दी जाती है। साथ ही, केवल घरेलू उपयोग के लिए दिए गए सिलेंडरों पर ही सब्सिडी लागू होती है। वेबसाइट या होटल रेस्टोरेंट में उपयोग होने वाले सिलेंडर इस योजना से बाहर है। इसलिए उपभोक्ताओं तो यह सुनिश्चित करना चाहिए कि उनके दस्तावेज पूरी हो और सब्सिडी प्राप्त करने के लिए सभी नियमों का पालन किया गया हो।
किन लोगों को नहीं मिलेगी एलपीजी सब्सिडी
सरकार ने स्पष्ट किया है कि जिन उपभोक्ताओं की वार्षिक आय 10 लाख रुपए से अधिक है, उन्हें एलपीजी सब्सिडी लाभ नहीं मिलेगा। इसमें पति-पत्नी दोनों के सम्मिलित आय को जोड़ा जाता है। और साथ ही जिन व्यक्तियों के नाम पर कर या चार पहिया वाहन है या जिन्होंने इनकम टैक्स रिटर्न कातिल दिया है उन्हें भी सब्सिडी से बाहर रखा गया है। कई राज्यों में सरकार ने आय और सामाजिक स्थिति के आधार पर पात्रता सूची भी तैयार की है।
सब्सिडी से जुड़े नए नियम और प्रक्रिया
नए नियमों के तहत सरकार हर उपभोक्ता एलपीजी कनेक्शन तो डिजिटल रूप से ट्रैक कर है। यह सुनिश्चित किया जा रहा है थी सब्सिडी केबल पत्र उपभोक्ताओं तो ही मिले। प्रत्येक सब्सिडी ट्रांजैक्शन तो आधार और बैंक विवरांत माध्यम से स्थापित किया जा रहा है अगर किसी उपभोक्ता के खाते में गलत जानकारी पाई जाती है तो सब्सिडी तुरंत रोक दी जाती है इसके अलावा अब उपभोक्ता अपने मोबाइल या ऑनलाइन पोर्टल के माध्यम से भी सब्सिडी स्टेटस चेक कर सकते हैं इस प्रदर्शन व्यवस्था का उद्देश्य भ्रष्टाचार तो रोकना और वास्तविक लाभ लाभार्थियों तक सहायता पहुंचाना है।
सब्सिडी से वंचित उपभोक्ताओं के लिए उपाय
अगर टिशु उपभोक्ता तो लगता है कि उसे गलती से सब्सिडी से वंचित कर दिया गया है तो वह नजदीकी देश एजेंसी या सरकारी पोर्टल पर शिकायत दर्ज कर सकता है। शिकायत बाद उपभोक्ता दस्तावेज ज्योति पुन जांच की जाती है और पात्र पाए जाने पर सब्सिडी फिर से बहस की जा सकती है। उपभोक्ताओं तो सलाह दी जाती है तो वह समय-समय पर अपने बैंक खाता आधार और मोबाइल नंबर की जंत्री अपडेट करते रहें ऐसा करने से सब्सिडी 83 में पीसी प्रकार की देरी और रुकावट नहीं होती। सरदार लगातार इस योजना को पारदर्शी और न्याय संगत बनाने की दिशा में काम कर रही है।